शनिवार, 14 मई 2011

पहेली - 4

आप सभी का स्वागत है एक नयी पहेली में,

नीचे दिखाये गये चित्र को ध्यान से देखिये और बताईये कि यह कौन सी जगह का चित्र हैं ?


जवाब देने का अन्तिम समय सोमवार शाम 07.00 बजे तक होगा।

कृपया पहेली मे पूछे गये चित्र के स्थान का सही सही नाम बतायें कि चित्र मे दिखाई गई जगह का नाम क्या है? उस राज्य का या शहर का नाम को अधूरा जवाब माना जायेगा। अपने जवाब के समर्थन में आप कोई लिंक देना चाहते है तो आप दे सकते है पर उसे आपका जवाब नहीं माना जाएगा जगह का नाम लिखने को ही जवाब माना जाएगा

जरुरी सूचना:-

टिप्पणी मॉडरेशन लागू है इसलिए समय सीमा से पूर्व रोचकता बनाये रखने के लिये ग़लत या सही दोनों ही तरह के जवाब प्रकाशित किए जा सकते हैं अत: आपका जवाब आपको तुरंत यहां नही दिखे तो कृपया परेशान ना हों.

पहेली के लिए नियम इस प्रकार होंगे _


1- यह पहेली केवल मनोरंजन और थोडे बहुत ज्ञानवर्धन के लिये है। पहेली में आपके सामने एक चित्र होगा जो भारत में कहीं का भी हो सकता है।


2- आपको बताना होगा उस चित्र में दिख रहे स्थान का क्या नाम है और वो कहाँ पर स्तिथ है अर्थात उस राज्य का क्या नाम है। जरूरत होने पर हिंट भी प्रकाशित किया जाएगा।


3- पहेली का प्रकाशन हर शनिवार प्रातः 10.00 बजे किया जाएगा। जवाब देने का अन्तिम समय सोमवार शाम 07.00 बजे तक होगा।


4- पहेली के परिणाम की घोषणा मंगलवार शाम 7.00 बजे की जाएगी।


5- समयसीमा के बाद प्राप्त होने वाले जवाबो को प्रकाशित तो किया जाएगा पर परिणामो मे शामिल नहीं किया जाएगा।


6- आपका जवाब आपको यहां न दिखे तो कृपया परेशान ना हों। है, समयसीमा से पूर्व सही और गलत दोनों तरह के जवाब प्रकाशित किए जा सकते है


7- टिप्पणी मॉडरेशन लागू है. समय सीमा से पूर्व रोचकता बनाये रखने के लिये ग़लत या सही दोनों ही तरह के जवाब प्रकाशित किए जा सकते हैं.


8- यदि आप दिखाये गए चित्र के विषय मे कोई जानकारी रखते है तो अन्य पाठको से साझा करे


9- किसी भी तरह की विवादास्पद परिस्थितियों मे आयोजक का फ़ैसला ही अंतिम फ़ैसला होगा


10-
यदि आप किसी तरह का कोई सुझाव देना चाहते है तो आपका स्वागत है

37 टिप्पणियाँ:

दर्शन लाल बवेजा ने कहा…

पता नहीं चला

गजेन्द्र सिंह ने कहा…

लगता तो कोई किला है ,,,,, मंदिर भी हो सकता है

बंटी "द मास्टर स्ट्रोक" ने कहा…

अरे वाह , पहेली

बंटी "द मास्टर स्ट्रोक" ने कहा…

कल सुबह तक इसका जवाब खोज कर सबको बताते है

pryas ने कहा…

यह चित्र आगरा के किले का है जो आगरा में स्थित है.

ओशो रजनीश ने कहा…

दिल्ली का लाल किला , बनावट से तो ऐसा ही लगता है

ओशो रजनीश ने कहा…

रणथंबोर का किला , राजस्थान मे कहीं पर है

Basant Sager ने कहा…

कोई हिंट दे तो पता चले

Sachin ने कहा…

नहीं पता

निरंजन मिश्र (अनाम) ने कहा…

निर्माण शैली तो अकबर के जमाने की लगती है पर न जाने क्या है , मंदिर भी हो सकता है या फिर कोई महल भी

हिंट के बिना तो पता नहीं चलेगा

विजय कर्ण ने कहा…

ये आगरे का लाल किला है , जो उत्तर प्रदेश मे है

विजय कर्ण ने कहा…

आगरा का किला, आगरा, उत्तर प्रदेश

विजय कर्ण ने कहा…

आगरा का किला एक यूनेस्को घोषित विश्व धरोहर स्थल है, जो कि भारत के उत्तर प्रदेश राज्य के आगरा शहर में स्थित है। इसे लाल किला भी कहा जाता है। इसके लगभग 2.5 कि.मी. उत्तर-पश्चिम में ही, विश्व प्रसिद्ध स्मारक ताज महल स्थित है। इस किले को चहारदीवारी से घिरी प्रासाद (महल) नगरी कहना बेहतर होगा।

विजय कर्ण ने कहा…

यह भारत का सबसे महत्वपूर्ण किला है। भारत के मुगल सम्राट बाबर, हुमायुं, अकबर, जहांगीर, शाहजहां व औरंगज़ेब यहां रहा करते थे, व यहीं से पूरे भारत पर शासन किया करते थे। यहां राज्य का सर्वाधिक खजाना, सम्पत्ति व टकसाल थी। यहां विदेशी राजदूत, यात्री व उच्च पदस्थ लोगों का आना जाना लगा रहता था, जिन्होंने भारत के इतिहास को रचा।

विजय कर्ण ने कहा…

इतिहास

यह मूलतः एक ईंटों का किला था, जो चौहान वंश के राजपूतों के पास था। इसका प्रथम विवरण 1080 ई. में आता है, जब महमूद गजनवी की सेना ने इस पर कब्ज़ा किया था। सिकंदर लोधी (1487-1517), दिल्ली सल्तनत का प्रथम सुल्तान था, जिसने आगरा की यात्रा की, व इस किले में रहा था। उसने देश पर यहां से शासन किया, व आगरा को देश की द्वितीय राजधानी बनाया। उसकी मृत्यु भी, इसी किले में [1517]] में हुई थी, जिसके बाद, उसके पुत्र इब्राहिम लोधी ने गद्दी नौ वर्षों तक संभाली, तब तक, जब वो पानीपत के प्रथम युद्ध (1526) में काम नहीं आ गया। उसने अपने काल में, यहां कई स्थान, मस्जिदें व कुएं बनवाये।

विजय कर्ण ने कहा…

पानीपत के बाद, मुगलों ने इस किले पर भी कब्ज़ा कर लिया, साथ ही इसकी अगाध सम्पत्ति पर भी। इस सम्पत्ति में ही एक हीरा भी था, जो कि बाद में कोहिनूर हीरा के नाम से प्रसिद्ध हुआ। तब इस किले में इब्राहिम के स्थान पर बाबर आया। उसने यहां एक बावली बनवायी। सन 1530 में, यहीं हुमायुं का राजतिलक भी हुआ। हुमायुं इसी वर्ष बिलग्राम में शेरशाह सूरी से हार गया, व किले पर उसका कब्ज़ा हो गया। इस किले पर अफगानों का कब्ज़ा पांच वर्षों तक रहा, जिन्हें अन्ततः मुगलों ने 1556 में पानीपत का द्वितीय युद्ध में हरा दिया।

विजय कर्ण ने कहा…

इस की केन्द्रीय स्थिति को देखते हुए, अकबर ने इसे अपनी राजधानी बनाना निश्चित किया, व सन 1558 में यहां आया। उसके इतिहासकार अबुल फजल ने लिखा है, कि यह किला एक ईंटों का किला था, जिसका नाम बादलगढ़ था। यह तब खस्ता हालत में था, व अकबर को इसि दोबारा बनवाना पड़ा, जो कि उसने लाल बलुआ पत्थर से निर्मण करवाया। इसकी नींव बड़े वास्तुकारों ने रखी। इसे अंदर से ईंटों से बनवाया गया, व बाहरी आवरण हेतु लाल बलुआ पत्तह्र लगवाया गया। इसके निर्माण में चौदह लाख चवालीस हजार कारीगर व मजदूरों ने आठ वर्षों तक मेहनत की, तब सन 1573 में यह बन कर तैयार हुआ।

विजय कर्ण ने कहा…

अकबर के पौत्र शाहजहां ने इस स्थल को वर्तमान रूप में पहुंचाया। यह भी मिथक हैं, कि शाहजहां ने जब अपनी प्रिय पत्नी के लिये ताजमहल बनवाया, वह प्रयासरत था, कि इमारतें श्वेत संगमर्मर की बनें, जिनमें सोने व कीमती रत्न जड़े हुए हों। उसने किले के निर्माण के समय, कई पुरानी इमारतों व भवनों को तुड़वा भी दिया, जिससे कि किले में उसकी बनवायी इमारतें हों।

विजय कर्ण ने कहा…

अकबर के पौत्र शाहजहां ने इस स्थल को वर्तमान रूप में पहुंचाया। यह भी मिथक हैं, कि शाहजहां ने जब अपनी प्रिय पत्नी के लिये ताजमहल बनवाया, वह प्रयासरत था, कि इमारतें श्वेत संगमर्मर की बनें, जिनमें सोने व कीमती रत्न जड़े हुए हों। उसने किले के निर्माण के समय, कई पुरानी इमारतों व भवनों को तुड़वा भी दिया, जिससे कि किले में उसकी बनवायी इमारतें हों।

विजय कर्ण ने कहा…

आगरा के किले को वर्ष 2004 के लिये आग़ाखां वास्तु पुरस्कार दिया गया था, व भारतीय डाक विभाग ने 28 नवंबर,2004 को इस महान क्षण की स्मृति में, एक डाकटिकट भी निकाला था।

इस किले का एक अर्ध-वृत्ताकार नक्शा है, जिसकी सीधी ओर यमुना नदी के समानांतर है। इसकी चहारदीवारी सत्तर फीट ऊंची हैं। इसमें दोहरे परकोटे हैं, जिनके बीछ बीच में भारी बुर्ज बराबर अंतराल पर हैं, जिनके साथ साथ ही तोपों के झरोखे, व रक्षा चौकियां भी बनी हैं। इसके चार कोनों पर चार द्वार हैं, जिनमें से एक खिजड़ी द्वार, नदी की ओर खुलता है।

pryas ने कहा…

आगरे के किले से मेरा मतलब आगरे के लाल किले से है.

बंटी "द मास्टर स्ट्रोक" ने कहा…

आगरा का किला, आगरा, उत्तर प्रदेश, भारत

बंटी "द मास्टर स्ट्रोक" ने कहा…

कृपया हमारा जवाब भी शामिल करें .................. धन्यवाद

Sawai Singh Rajpurohit ने कहा…

आगरा का किला

Sawai Singh Rajpurohit ने कहा…

ये चित्र आगरा का किला है जो कि भारत के उत्तर प्रदेश राज्य के आगरा शहर में स्थित है! इसे लाल किला के नाम से भी लोग जानते है!

सवाई सिंह राज्प्रोहित आगरा से

किलर झपाटा ने कहा…

बंटी भाई जिन्दाबाद। आप जो कह रहे हैं वही सही है याने आगरे का किला।

ओशो रजनीश ने कहा…

आगरा का किला, आगरा, उत्तर प्रदेश, भारत

ओशो रजनीश ने कहा…

ताजमहल के बगीचों के पास 16 वीं सदी का महत्त्वपूर्ण मुगल स्मारक आगरा का लाल किला स्थित है. लाल बलुआ पत्थर का यह शक्तिशाली किला, मुगल शासकों के शाही शहर के 2.5-किमी-लंबी दीवारों के अंदर स्थित है. इसके अंदर जहाँगीर द्वारा बनवाया गया जहाँगीर महल और ख़ास महल; दीवाने ख़ास; और दो बहुत ही सुंदर मस्जिद हैं.

ओशो रजनीश ने कहा…

आगरा का किला जो ताजमहल की नगरी आगरा में उसके पास ही स्थित है। यह किला अपने आप में स्‍थापत्‍य कला का अनूठा उदाहरण है। ताजमहल विश्‍व के सात आश्‍चर्यों में से एक है। यह भारत के आगरा शहर में स्थित एक मकबरा है। इस मकबरे का निर्माण मुगल बादशाह शाहजहां ने अपनी पत्‍नी मुमताज महल की याद में करवाया था। ताजमहज मुगल वास्‍तुकला का उत्‍कृष्‍ट नमूना है। इसके निर्माण में फारसी, तुर्क, भारतीय तथा इस्‍लामिक वास्‍तुकला का सुंदर सम्मिश्रण किया गया है। 1983 ई. में इसे युनेस्‍को विश्‍व धरोहर स्‍थल घोषित किया गया। इसे भारत की इस्‍लामी कला का रत्‍न भी घोषित किया गया है। ताजमहल का श्‍वेत गुम्‍बद एवं टाइल आकार में संगमरमर से ढंका केन्‍द्रीय मकबरा वास्‍तु सौंदर्य का अप्रितम उदाहरण है।

ओशो रजनीश ने कहा…

आगरा का किला बहादुर मुग़ल बादशाह द्वारा बनवाया गया था! आगरा का किला यमुना नदी के बायीं तट पर बनाया गया है जोकि आगरा के शहर के पूवी कि और है! यहाँ दीवारें मोटे तथा शक्तिशाली लाल पत्थरों से बनाई गई है! यह कहावत है कि अकबर ने यह किला पुराने बादालगढ़ के किले के स्थान पर बनाया था जोकि राजपूतों कि रक्षा करता था! अकबर ने यह किला अपने राज्य कि रक्षा के लिए बनवाया! यह डबल मोटी दीवारों से घिरा है! बाहर कि दीवार 40 फीट ऊँची है और अन्दर कि 70 फीट!आगरा का किला दो बड़ी खाईयों से घिरा था! इन दोनों में से अन्दर वाली खाई अब भी मौजूद है, लेकिन बाहर वाली खाई को अब भर दिया गया है और अब वहां सड़क है! दोनों खाईयां डरावने तथा खतरनाक कछुओं से भरी थी ताकि कोई दुश्मन इस खाई को आसानी से पार ना कर सके! यह किला वर्ष 1565 में बनाना शुरू हुआ और इसे बनाने में सात साल लगे! इसे बनवाने कि जिम्मेदारी कासिम खान को सौंपी गई जोकि अकबर कि सेना का मुख्य था और गवर्नर था! इस इमारत को बनाने में 35 लाख रूपये लगे!
यह किला एक सुंदर इमारत है! एक प्रसिद्ध साहित्यकार अबुल फजल का कहना है कि इस किले में कम से कम 500 इमारतें थी, लेकिन दुर्भाग्यवश अब सिर्फ कुछ ही इमारतें बाकी रह गई हैं! मुग़ल साम्रज्य के नष्ट होने के बाद किले पर हमले किये गये पहला वर्ष 1939 में नादिर शाह द्वारा किया गया, जिसमे इमारतों को नष्ट कर दिया गया! फिर मराठों तथा जातों ने हमला किया, कुछ राजाओं ने तो ताज तथा मुग़ल इमारतों में बूसा भर दिया!

गजेन्द्र सिंह ने कहा…

आगरा का किला,
आगरा,
उत्तर प्रदेश

बेनामी ने कहा…

बंटी ने सारा मजा खराब कर दिया

बेनामी ने कहा…

बंटी भाई जिन्दाबाद

बेनामी ने कहा…

पहेली के परिणाम की घोषणा मंगलवार शाम 7.00 बजे की जाएगी।

pryas ने कहा…

उसमान जी,
परिणाम तो बताओ!!!

pryas ने कहा…

उसमान जी, मजा नहीं आ रहा. यदि समया भाव के कारण परिणाम प्रकाशित नहीं कर पा रहे तो परिणाम वाली पोस्ट को पहेली वाली पोस्ट के साथ शिड्यूल कर सकते हो.

Usman ने कहा…

पहेली के विजेता है prayas ji ....

पहेली के परिणाम तकनीकी कारणो से समय पर नहीं दिये जा सके, उसके लिए खेद है ...

पहेली का परिणाम और विजेता का प्रमाण पत्र कल सुबह 10.00 बजे तक दे दिया जाएगा

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